google.com, pub-7118703508047978, DIRECT, f08c47fec0942fa0
आपला जिल्हा

हमले के बाद वन विभाग की त्वरित कार्रवाई, 24 घंटे में बाघ रेस्क्यू

चंद्रपुर, ब्यूरो। ताड़ोबा-अंधारी बाघ परियोजना के मोहर्ली बफर क्षेत्र में एक महिला की जान लेने के बाद वन विभाग ने तेजी से कार्रवाई करते हुए संबंधित बाघ को पकड़ लिया। मंगलवार शाम आगारझरी वनपरिक्षेत्र के कक्ष क्रमांक 95 में चलाए गए रेस्क्यू अभियान के दौरान वन विभाग की टीम को सफलता मिली। पकड़े गए बाघ की पहचान टी-202 एसएएम-2 के रूप में की गई है।

 

 

जानकारी के अनुसार, 60 वर्षीय मंदा सूर्यभान मंगाम पर सोमवार को बाघ ने हमला किया था। घटना के बाद वन विभाग ने इलाके में तलाशी अभियान तेज कर दिया था। बाघ की गतिविधियों का पता लगाने के लिए जंगल में कैमरा ट्रैप भी लगाए गए थे। मंगलवार दोपहर कक्ष क्रमांक 95 में बाघ की मौजूदगी की पुष्टि होने के बाद बचाव दल ने उसे पकड़ने की तैयारी शुरू की।

बाघ परियोजना के वन्यजीव पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. रविकांत खोब्रागड़े और मोहर्ली वनपरिक्षेत्र अधिकारी थीपे के नेतृत्व में अभियान चलाया गया। इस दौरान शार्पशूटर अजय मराठे ने बचाव वाहन से बाघ पर बेहोशी की दवा वाला डार्ट दागा। बेहोश होने के बाद बाघ को सुरक्षित तरीके से अपने कब्जे में लिया गया।

वन विभाग के अनुसार, पकड़े गए बाघ को आगे की चिकित्सकीय जांच और निगरानी के लिए चंद्रपुर स्थित उपचार एवं संक्रमण केंद्र (टीटीसी) में भेजा गया है। वहां उसकी स्वास्थ्य स्थिति का परीक्षण किया जाएगा।

Share
Back to top button